डॉ. स्वाति शाह · MS, DrNB (Surgical Oncology)
रिपोर्ट में PSA बढ़ा आए, किडनी में गांठ दिखे या पेशाब में ख़ून आए — तो सबसे पहला सवाल होता है: क्या यह कैंसर है, और क्या इसका ऑपरेशन हो सकता है? डॉ. स्वाति शाह पेशाब के रास्ते और पुरुष जननांगों के कैंसर की सर्जन हैं। गोता OPD में वे ख़ुद जांच करती हैं, आपके साथ बैठकर रिपोर्ट समझाती हैं, और ऑपरेशन की ज़रूरत हो तो Apollo Hospital, Bhat में ऑपरेशन करती हैं।
सिर्फ़ कैंसर का इलाज · पथरी, प्रोस्टेट का साधारण बढ़ना या इन्फ़ेक्शन के लिए urologist से मिलें
डॉ. स्वाति शाह
MS, DrNB (Surgical Oncology)
Urology Cancer Surgeon · Apollo Hospital, Bhat, Gandhinagar · Gota OPD, Ahmedabad
Shah's Gastro, Cancer & Robotic Surgery Centre — गोता, अहमदाबाद। डॉ. स्वाति शाह प्रोस्टेट, किडनी, मूत्राशय, ureter, वृषण और लिंग के कैंसर का ऑपरेशन करती हैं — open, laparoscopic और robotic। हर मरीज़ से वे ख़ुद मिलती हैं, और इलाज का क्रम medical और radiation oncologist के साथ मिलकर तय करती हैं।
MS और DrNB (Surgical Oncology) — कैंसर सर्जरी में सुपर-स्पेशियलिटी
Consultation गोता OPD में; ऑपरेशन Apollo Hospital, Bhat, Gandhinagar में
संक्षेप में
डॉ. स्वाति शाह अहमदाबाद में यूरो-ऑन्कोलॉजिस्ट, यानी पेशाब के रास्ते और पुरुष जननांगों के कैंसर की सर्जन हैं। वे प्रोस्टेट, किडनी, मूत्राशय (bladder), ureter, वृषण (testis) और लिंग (penis) के कैंसर का ऑपरेशन करती हैं।
OPD गोता, S G Highway पर है और ऑपरेशन Apollo Hospital, Bhat, Gandhinagar में होते हैं। समय लेने के लिए +91 63590 11009 पर फ़ोन करें — WhatsApp भी इसी नंबर पर है।
वे सिर्फ़ कैंसर का इलाज करती हैं। पथरी, प्रोस्टेट का साधारण बढ़ना या पेशाब का इन्फ़ेक्शन हो, तो urologist सही डॉक्टर हैं — यह बात पहली मुलाक़ात में ही साफ़ बता दी जाती है।
सीधा जवाब: urologist पेशाब के रास्ते की सारी बीमारियों का इलाज करते हैं — पथरी, प्रोस्टेट का बढ़ना, इन्फ़ेक्शन, पेशाब का रुकना। यूरो-ऑन्कोलॉजिस्ट इन्हीं अंगों के कैंसर के सर्जन होते हैं: कैंसर कितना फैला है, ऑपरेशन से निकल सकता है या नहीं, और ऑपरेशन से पहले या बाद में chemotherapy या radiation की ज़रूरत है या नहीं।
| Urologist | यूरो-ऑन्कोलॉजिस्ट (डॉ. स्वाति शाह) | |
|---|---|---|
| किस बीमारी के लिए | पथरी, प्रोस्टेट का साधारण बढ़ना (BPH), इन्फ़ेक्शन, पेशाब का रुकना या टपकना | प्रोस्टेट, किडनी, मूत्राशय, ureter, वृषण और लिंग का कैंसर |
| कब मिलें | तकलीफ़ है, पर रिपोर्ट में कैंसर का शक नहीं | Scan या biopsy में गांठ दिखी है, PSA बढ़ा आया है, या कैंसर पक्का हो चुका है |
| ऑपरेशन | पथरी, प्रोस्टेट और पेशाब के रास्ते के साधारण ऑपरेशन | कैंसर वाला हिस्सा lymph nodes के साथ निकालना — open, laparoscopic या robotic |
एक surgeon के तौर पर कहूं — कई परिवार कैंसर की रिपोर्ट लेकर भी महीनों पथरी या इन्फ़ेक्शन की दवा लेते रहते हैं। रिपोर्ट में "mass", "growth", "SOL" या "malignancy" जैसा शब्द लिखा हो, तो अगला क़दम कैंसर के सर्जन से मिलना है। और अगर आपकी तकलीफ़ कैंसर की नहीं निकली, तो मैं आपको खुलकर urologist के पास भेजूंगी।
अंग्रेज़ी में यही पेज: Uro-oncologist in Ahmedabad – Dr Swati Shah.
सीधा जवाब: जब किसी जांच में कैंसर का शक हो, या biopsy में कैंसर आ चुका हो। आम तौर पर ये रिपोर्ट्स हाथ में होती हैं:
ये लक्षण दूसरी आम बीमारियों में भी होते हैं, इसलिए हर बार कैंसर ही हो, ऐसा नहीं है। पर जांच टालना ठीक नहीं — जल्दी पकड़ में आए कैंसर में अंग बचाने वाले ऑपरेशन के रास्ते ज़्यादा खुले रहते हैं।
सीधा जवाब: पेशाब के रास्ते और पुरुष जननांगों के कैंसर का। हर अंग के लिए अंग्रेज़ी में विस्तृत पेज है; नीचे संक्षेप में समझाया गया है।
ऑपरेशन में पूरा प्रोस्टेट निकाला जाता है (radical prostatectomy)। कम जोखिम वाले कैंसर में अक्सर तुरंत ऑपरेशन की ज़रूरत नहीं होती — नियमित PSA और MRI से निगरानी (active surveillance) भी एक सही रास्ता है।
और पढ़ें (English)जहां सुरक्षित हो, सिर्फ़ गांठ निकालकर बाक़ी किडनी बचाई जाती है (partial nephrectomy)। बड़ी गांठ में पूरी किडनी निकालनी पड़ती है (radical nephrectomy)।
और पढ़ें (English)पहला क़दम TURBT है — पेशाब के रास्ते से दूरबीन डालकर गांठ निकालना और जांच भेजना। गांठ मांसपेशी तक पहुंची हो, तो पूरा मूत्राशय निकालकर पेशाब का नया रास्ता बनाया जाता है (radical cystectomy)।
और पढ़ें (English)किडनी से मूत्राशय तक पेशाब ले जाने वाली नली की अंदरूनी परत का कैंसर। ऑपरेशन में अक्सर किडनी, पूरी ureter और मूत्राशय का छोटा हिस्सा निकाला जाता है।
हिंदी में पूरा पेजऑपरेशन जांघ के पास (groin) से होता है, अंडकोष की थैली से नहीं (inguinal orchidectomy)। ऑपरेशन से पहले ख़ून की tumour marker जांच, और बच्चे की इच्छा हो तो sperm banking की बात पहले की जाती है।
और पढ़ें (English)प्रोस्टेट, किडनी और मूत्राशय के कई ऑपरेशन robotic तरीक़े से हो सकते हैं। हर मरीज़ के लिए यह सही नहीं — चुनाव गांठ और आपकी सेहत देखकर होता है।
और पढ़ें (English)सीधा जवाब: तीनों तरीक़ों से ऑपरेशन होता है, और आपके लिए कौन सा सही है, यह गांठ की जगह, उसका आकार, पहले हुए ऑपरेशन और आपकी सेहत से तय होता है।
किडनी की छोटी गांठ में robotic partial nephrectomy से अक्सर बाक़ी किडनी बचाई जा सकती है। प्रोस्टेट और मूत्राशय के कई ऑपरेशन भी robotic तरीक़े से होते हैं। वहीं वृषण का ऑपरेशन और लिंग के कैंसर के ज़्यादातर ऑपरेशन open ही होते हैं — यह कोई कमी नहीं, उस बीमारी का सही तरीक़ा है। तीनों का मक़सद एक है: कैंसर पूरी तरह और सुरक्षित रूप से निकालना। Consultation में डॉ. शाह समझाती हैं कि आपके केस में कौन सा तरीक़ा क्यों चुना गया।
सीधा जवाब: कुछ कैंसर में पहले निगरानी, दवा या radiation सही रहती है, और यह फ़ैसला रिपोर्ट्स पूरी होने के बाद ही होता है।
प्रोस्टेट का साधारण बढ़ना, इन्फ़ेक्शन या हाल में लगा catheter भी PSA बढ़ा देते हैं। इसलिए पहले PSA दोबारा करवाया जाता है, और biopsy से पहले प्रोस्टेट का MRI। MRI पहले हो, तो biopsy सही जगह से ली जाती है।
किडनी में पानी की थैली (cyst) बहुत आम है और ज़्यादातर साधारण होती है। Contrast वाले CT या MRI से तय होता है कि गांठ cyst है, साधारण tumour है या कैंसर का शक है — एक ही phase के scan पर ऑपरेशन का फ़ैसला नहीं लेना चाहिए।
TURBT की जांच से पता चलता है कि गांठ सिर्फ़ अंदरूनी परत में है या मांसपेशी तक पहुंची है। ऊपरी परत की गांठ में अक्सर TURBT और मूत्राशय में दवा (BCG) काफ़ी होती है। मांसपेशी तक पहुंची गांठ में ऑपरेशन से पहले chemotherapy और फिर radical cystectomy, या मूत्राशय बचाने वाला इलाज — यह medical और radiation oncologist के साथ मिलकर तय होता है।
Shah's Gastro, Cancer & Robotic Surgery Centre में हर अंग के कैंसर के लिए अलग सर्जन हैं, ताकि आपको उसी अंग का विशेषज्ञ मिले:
ये रिव्यू Google पर जैसे लिखे गए हैं, बिना किसी बदलाव के वैसे ही दिए गए हैं — सिर्फ़ प्रोस्टेट, किडनी और मूत्राशय के कैंसर वाले। Google पर सारे रिव्यू पढ़ें।
We are very thankful to Dr. Swati Shah for successfully operating on our relative for kidney cancer. From the first consultation to the surgery and follow-up, she was very supportive, caring, and explained everything clearly. Her expertise and confidence gave our family great reassurance during a difficult time. We are happy with the treatment and recovery. Highly recommended Dr. Swati Shah for her dedication and excellent care.
We are very thankful to Dr. Swati Shah for her excellent treatment and care for urinary bladder cancer. She explained the condition and treatment options clearly and made us feel confident throughout the treatment journey. Her expertise, dedication, and compassionate approach are truly appreciated. We are very happy with the care and support received. Highly recommended for anyone looking for an experienced cancer surgeon.
Dr. Swati Shah performed my prostate surgery, and I am truly grateful for her care and expertise. It has been 3 years since the operation, and I recently visited for a follow-up. I am doing well now and living a normal, healthy life. Thank you so much, doctor, for your excellent treatment and support.
My relative had a large kidney mass requiring radical nephrectomy. Excellent uro cancer specialist in Gujarat.
हिंदी में दो वीडियो: किडनी की गांठ कैंसर है या नहीं, यह कैसे पता चलता है; और प्रोस्टेट कैंसर की जांच — PSA, MRI और biopsy।
किडनी का ट्यूमर कैंसर है या नहीं, कैसे पता चलता है?
प्रोस्टेट कैंसर की जाँच कैसे होती है? PSA, MRI और Biopsy
पहली मुलाक़ात से ऑपरेशन के बाद के follow-up तक, आम तौर पर इलाज ऐसे आगे बढ़ता है:
सीधा जवाब: कुछ दिन catheter रहता है, फिर धीरे-धीरे रोज़ की ज़िंदगी शुरू होती है, और नियमित follow-up के लिए गोता OPD आना होता है।
प्रोस्टेट के ऑपरेशन के बाद शुरू में पेशाब पर पूरा नियंत्रण आने में कुछ समय लगता है; इसके लिए pelvic floor की कसरत सिखाई जाती है। किडनी का एक हिस्सा या पूरी किडनी निकलने के बाद किडनी की जांच नियमित होती है। मूत्राशय के कैंसर में नई गांठ पकड़ने के लिए समय-समय पर cystoscopy करवानी होती है — यह इलाज का हिस्सा है, घबराने की बात नहीं।
घर जाने के बाद तेज़ बुख़ार, पेशाब में ख़ून के थक्के, catheter से पेशाब बंद होना या पेट में बढ़ता दर्द हो, तो इंतज़ार न करें — तुरंत फ़ोन करें।
सीधा जवाब: ऑपरेशन का ख़र्च हर मरीज़ में अलग होता है, इसलिए यहां कोई एक रक़म नहीं लिखी गई है। जांच के बाद आपके ऑपरेशन का अनुमान (estimate) समझाया जाता है।
Apollo Hospital, Bhat में कई insurance कंपनियों के साथ cashless सुविधा है। ऑपरेशन से पहले insurance कंपनी से pre-authorisation ली जाती है, इसलिए policy की जानकारी जल्दी दें।
दूसरे अस्पताल में बना plan लेकर आएं, साथ में सारी रिपोर्ट्स और scan। ख़ास तौर पर जब पूरी किडनी या पूरा मूत्राशय निकालने की सलाह मिली हो, या कहा गया हो कि "ऑपरेशन नहीं हो सकता" — तब दूसरी राय लेना वाजिब है। अक्सर second opinion उसी plan को पक्का करती है, और यह भी एक काम का जवाब है।
OPD गोता, S G Highway पर है, और ऑपरेशन Apollo Hospital, Bhat में होते हैं — दोनों गांधीनगर रोड की तरफ़। निकलने से पहले फ़ोन करें, ताकि आपका समय रखा जा सके और ज़रूरी जांच उसी यात्रा में हो सकें।
अक्सर बेटा, बेटी या पत्नी डॉक्टर ढूंढते हैं। आप consultation में साथ बैठ सकते हैं। सवाल पहले से लिखकर लाएं: अंग बचाया जा सकता है या नहीं, catheter कितने दिन रहेगा, पेशाब पर नियंत्रण कब तक लौटेगा, आगे दवा की ज़रूरत पड़ेगी या नहीं, और ख़र्च कितना होगा। डॉ. शाह आपके मरीज़ के केस के हिसाब से जवाब देती हैं।
Urologist पथरी, प्रोस्टेट का बढ़ना और इन्फ़ेक्शन जैसी पेशाब के रास्ते की सारी बीमारियां देखते हैं। यूरो-ऑन्कोलॉजिस्ट इन्हीं अंगों के कैंसर के सर्जन हैं। डॉ. स्वाति शाह सिर्फ़ कैंसर का इलाज करती हैं।
ज़रूरी नहीं। प्रोस्टेट का साधारण बढ़ना, इन्फ़ेक्शन या हाल में लगा catheter भी PSA बढ़ाते हैं। पहले PSA दोबारा होता है, फिर ज़रूरत हो तो MRI, और उसके बाद ही biopsy का फ़ैसला।
हमेशा नहीं। छोटी गांठ में जहां सुरक्षित हो, सिर्फ़ गांठ निकालकर बाक़ी किडनी बचाई जाती है (partial nephrectomy)। बड़ी या फैली हुई गांठ में पूरी किडनी निकालनी पड़ सकती है।
हां। बिना दर्द के पेशाब में ख़ून आना मूत्राशय या ureter की गांठ का लक्षण हो सकता है। इसकी जांच CT urography और cystoscopy से होती है। हर बार कैंसर नहीं होता, पर जांच टालें नहीं।
नहीं। Robotic, laparoscopic या open — कौन सा तरीक़ा सही है, यह गांठ की जगह, आकार और आपकी सेहत से तय होता है। वृषण और लिंग के कैंसर के ज़्यादातर ऑपरेशन open ही होते हैं।
नहीं। डॉ. स्वाति शाह पेशाब के रास्ते के सिर्फ़ कैंसर का इलाज करती हैं। पथरी, प्रोस्टेट का साधारण बढ़ना या इन्फ़ेक्शन के लिए urologist से मिलें।
डॉ. स्वाति शाह से मिलने के लिए फ़ोन करें। चाहें तो रिपोर्ट्स मुलाक़ात से पहले WhatsApp पर भेज सकते हैं, ताकि consultation शुरू होते समय वे पढ़ी जा चुकी हों। इलाज का फ़ैसला consultation में, जांच के बाद ही लिया जाता है।
आख़िरी अपडेट: 3 अक्टूबर 2026
फ़ोन: +91 63590 11009 · WhatsApp: +91 63590 11009
स्वस्थ परिवार: महीने में दो बार रिकवरी, खान-पान और ख़तरे के लक्षणों पर काम की सलाह। कोई विज्ञापन नहीं। जब चाहें बंद करें।
आपका नंबर यह जानकारी भेजने के लिए और clinic के आपसे संपर्क करने के लिए उपयोग होता है। इसे कभी बेचा या किसी को दिया नहीं जाता। बंद कराने के लिए WhatsApp पर STOP लिखें।